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5 लाख से अधिक लोगों तक पहुंचा जन-जन की सरकार जन-जन के द्वार अभियान में 33 हजार शिकायतों का त्वरित समाधान…

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5 लाख से अधिक लोगों तक पहुंचा जन-जन की सरकार जन-जन के द्वार अभियान में 33 हजार शिकायतों का त्वरित समाधान…

देहरादून। पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर प्रदेशभर में 45 दिनों तक चला ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ विशेष अभियान शुक्रवार को अभूतपूर्व उपलब्धियों के साथ सम्पन्न हो गया। अभियान के तहत आयोजित 681 शिविरों में पांच लाख से अधिक लोगों ने प्रत्यक्ष भागीदारी निभाई, जबकि 33 हजार से ज्यादा जन शिकायतों का मौके पर ही समाधान किया गया।

मुख्यमंत्री के नेतृत्व में दिसंबर माह से शुरू हुए इस अभियान का उद्देश्य लोगों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर से राहत दिलाकर प्रशासन को उनके द्वार तक पहुंचाना था। 20 फरवरी तक लगातार चले इस अभियान के दौरान प्रदेशभर में कुल 681 कैंप लगाए गए, जिनमें 5,33,452 नागरिकों ने भाग लेकर विभिन्न सरकारी सेवाओं का लाभ उठाया और अपनी समस्याएं दर्ज कराईं। अंतिम दिन भी 11 शिविरों में 8209 लोगों ने हिस्सा लिया।

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अभियान के दौरान कुल 51,053 शिकायती पत्र प्राप्त हुए, जिनमें से 33,755 शिकायतों का तत्काल निस्तारण कर दिया गया। इसके अतिरिक्त विभिन्न प्रकार के प्रमाणपत्रों के लिए 74,184 आवेदन प्राप्त हुए, जिन पर तेजी से कार्रवाई की जा रही है। साथ ही करीब तीन लाख लोगों को विभिन्न जनकल्याणकारी सेवाओं का लाभ भी प्रदान किया गया।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि लोगों को बिना किसी भागदौड़ के सरकारी सेवाएं उपलब्ध कराना ही सुशासन की पहली सीढ़ी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भले ही विशेष अभियान की अवधि पूरी हो गई हो, लेकिन प्रशासन आगे भी जनता के संपर्क में रहकर समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए प्रतिबद्ध रहेगा।

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देहरादून। पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर प्रदेशभर में 45 दिनों तक चला ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ विशेष अभियान शुक्रवार को अभूतपूर्व उपलब्धियों के साथ सम्पन्न हो गया। अभियान के तहत आयोजित 681 शिविरों में पांच लाख से अधिक लोगों ने प्रत्यक्ष भागीदारी निभाई, जबकि 33 हजार से ज्यादा जन शिकायतों का मौके पर ही समाधान किया गया।

मुख्यमंत्री के नेतृत्व में दिसंबर माह से शुरू हुए इस अभियान का उद्देश्य लोगों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर से राहत दिलाकर प्रशासन को उनके द्वार तक पहुंचाना था। 20 फरवरी तक लगातार चले इस अभियान के दौरान प्रदेशभर में कुल 681 कैंप लगाए गए, जिनमें 5,33,452 नागरिकों ने भाग लेकर विभिन्न सरकारी सेवाओं का लाभ उठाया और अपनी समस्याएं दर्ज कराईं। अंतिम दिन भी 11 शिविरों में 8209 लोगों ने हिस्सा लिया।

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अभियान के दौरान कुल 51,053 शिकायती पत्र प्राप्त हुए, जिनमें से 33,755 शिकायतों का तत्काल निस्तारण कर दिया गया। इसके अतिरिक्त विभिन्न प्रकार के प्रमाणपत्रों के लिए 74,184 आवेदन प्राप्त हुए, जिन पर तेजी से कार्रवाई की जा रही है। साथ ही करीब तीन लाख लोगों को विभिन्न जनकल्याणकारी सेवाओं का लाभ भी प्रदान किया गया।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि लोगों को बिना किसी भागदौड़ के सरकारी सेवाएं उपलब्ध कराना ही सुशासन की पहली सीढ़ी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भले ही विशेष अभियान की अवधि पूरी हो गई हो, लेकिन प्रशासन आगे भी जनता के संपर्क में रहकर समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए प्रतिबद्ध रहेगा।

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